रिया झा , यूरोप - इस समय अपने इतिहास के सबसे भीषण जंगलों की आग के संकट से जूझ रहा है। दक्षिण-पश्चिम फ्रांस और मध्य स्पेन में लगी आग ने लाखों हेक्टेयर जंगलों को अपनी चपेट में ले लिया है और तीन लाख से अधिक लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाना पड़ा है। विशेषज्ञों का कहना है कि इस बार आग की सबसे खतरनाक वजह केवल भीषण गर्मी नहीं, बल्कि "फायर क्लाउड्स" हैं। ये विशाल बादल जंगलों की आग से उठने वाली अत्यधिक गर्म हवा और धुएं से बनते हैं और इतने शक्तिशाली होते हैं कि अपने भीतर गरज, बिजली और तेज हवाएं पैदा कर सकते हैं।
इन बादलों को वैज्ञानिककहते हैं। जब आग से उठने वाली गर्म हवा हजारों मीटर ऊपर पहुंचती है, तो वह सामान्य तूफानी बादलों की तरह विकसित हो जाती है। लेकिन बारिश लाकर आग बुझाने के बजाय ये बादल बिजली गिराकर नए इलाकों में आग लगा सकते हैं। साथ ही, तेज और अनिश्चित हवाएं आग की दिशा अचानक बदल देती हैं, जिससे दमकलकर्मियों के लिए आग पर काबू पाना बेहद मुश्किल हो जाता है। फ्रांस में पहली बार इस तरह का फायर क्लाउड दर्ज किया गया है, जिसे वैज्ञानिक जलवायु परिवर्तन से जुड़ी एक गंभीर चेतावनी मान रहे हैं।
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि आने वाले दिनों में यूरोप में एक और भीषण हीटवेव की आशंका है। सूखी वनस्पति, तेज हवाएं और लगातार ऊंचा तापमान आग को कई हफ्तों तक जलाए रख सकते हैं। यूरोपीय संघ ने कई देशों से अग्निशमन विमान और राहत दल भेजे हैं, लेकिन विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक मौसम में बड़ा बदलाव नहीं आता, तब तक इन आग पर पूरी तरह काबू पाना मुश्किल रहेगा।
यूक्रेन के ओडेसा बंदरगाह पर एक सप्ताह के भीतर दूसरी बार एक व्यापारी जहाज पर हमला
ईरान का दावा- मध्य पूर्व में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर मिसाइल और ड्रोन हमले, 11 बेस बनाए निशाना
अमेरिकी शीर्ष जनरल का बड़ा दावा
भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के विरोध में किसानों का दिल्ली कूच, किसान घाट पर जताया विरोध
साइकिलिंग के दौरान सड़क हादसे में गई जान, खेल जगत ने दी भावभीनी श्रद्धांजलि
इनसाइडर जानकारी लीक होने के आरोपों पर व्हाइट हाउस ने शुरू की जांच
सिर्फ एक महीने में लगभग 7 करोड़ बैरल कच्चा तेल बेचा, प्रतिबंध लौटने से पहले कमाई बढ़ाने की रणनीति
भारत-बांग्लादेश सीमा पर 'स्मार्ट बॉर्डर ग्रिड' की शुरुआत, ₹77 करोड़ की परियोजनाओं को मिली मंजूरी
कुवैत ने ईरानी मिसाइल और ड्रोन हमले नाकाम किए
हमने यहां तक पहुंचने के लिए सब कुछ झोंक दिया
वैज्ञानिकों के बढ़ते इस्तीफों के बीच सरकार ने ISRO के लिए नए नियम लागू
NEET पेपर लीक को लेकर विरोध तेज, जवाबदेही और मंत्री के इस्तीफे की मांग
बच्चों की सुरक्षा के लिए UAE का बड़ा फैसला, सोशल मीडिया इस्तेमाल की न्यूनतम उम्र...
ट्रंप के दावे के बाद भी नहीं थमा संघर्ष, लेबनान में नए हमलों में 5 की मौत
चार साल में दूसरी बड़ी टूट की आहट, फिर संकट में ठाकरे की शिवसेना
NTA की गलती से NEET छात्र का परीक्षा केंद्र पहुंचा आबूधाबी, परिवार ने उठाए सवाल